• 04/11/2026

नक्सलमुक्त छत्तीसगढ़ अब विकास और पर्यटन की नई पहचान बनाएगा: गृह मंत्री अमित शाह

नक्सलमुक्त छत्तीसगढ़ अब विकास और पर्यटन की नई पहचान बनाएगा: गृह मंत्री अमित शाह
Spread the love

केंद्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने मंगलवार को रायपुर में छत्तीसगढ़ राज्योत्सव के समापन समारोह को संबोधित किया। उन्होंने नक्सलमुक्त छत्तीसगढ़ के लिए प्रदेशवासियों, विशेषकर आदिवासी समुदाय को बधाई दी और इस सफलता का श्रेय केंद्रीय सशस्त्र पुलिस बलों (सीएपीएफ) तथा छत्तीसगढ़ पुलिस को दिया। उन्होंने कहा कि नवा रायपुर में 5 लाख पीपल के पेड़ लगाए जाएंगे और इसे ‘पीपल सिटी’ के रूप में विकसित कर दुनिया का सबसे बड़ा पर्यावरण-अनुकूल शहर बनाया जाएगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय और उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा सहित कई गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।

अटल बिहारी वाजपेयी को दिया छत्तीसगढ़ राज्य गठन का श्रेय

अमित शाह ने कहा कि छत्तीसगढ़ की जनता की ओर से वह पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को धन्यवाद और श्रद्धांजलि देते हैं, जिन्होंने वर्ष 2000 में छत्तीसगढ़ राज्य का गठन किया। उन्होंने कहा कि अटल बिहारी वाजपेयी ने छत्तीसगढ़ को अलग राज्य बनाया और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इसे संवारा है। उनके अनुसार, पहले इस क्षेत्र के साथ अन्याय हुआ और विकास की गति बाधित रही।

गौरव, सिद्धि और संकल्प का दिन बताया

गृह मंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ के लिए आज गौरव, सिद्धि और संकल्प का दिन है। गौरव अटल बिहारी वाजपेयी की विरासत का है, सिद्धि नक्सलमुक्त छत्तीसगढ़ और नक्सलमुक्त भारत के संकल्प की है और संकल्प प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी तथा मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में विकसित छत्तीसगढ़ बनाने का है।

लोक संस्कृति और आदिवासी परंपराओं को बढ़ावा

अमित शाह ने कहा कि गुरु घासीदास का संदेश और गुरु नानक देव की सेवा, समानता तथा सच्चाई की सीख छत्तीसगढ़ के संस्कारों का हिस्सा हैं। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार छत्तीसगढ़ पंडुम और बस्तर ओलंपिक के माध्यम से लोक संस्कृति को जीवंत रखने का काम कर रही है। पंथी, पांडवानी, राउत नाचा, कर्मा और सैला नृत्य के साथ ढोकरा कला, बेल मेटल, काष्ठ शिल्प और कोसा जैसी पारंपरिक कलाओं को नई पहचान मिल रही है। उन्होंने बस्तर दशहरे की 75 दिन चलने वाली परंपरा का भी उल्लेख किया।

नक्सलवाद ने विकास और शिक्षा को किया प्रभावित

गृह मंत्री ने कहा कि छत्तीसगढ़ की जनता ने उनकी पार्टी को सत्ता में पहुंचाया और सरकार बनने के दो महीने के भीतर नक्सल उन्मूलन का संकल्प लिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि नक्सलवाद के कारण जिस क्षेत्र में सांस्कृतिक गलियारा बनना चाहिए था, वहां रेड कॉरिडोर बन गया। जंगलों में महुआ, तेंदूपत्ता और लोकगीतों की जगह बारूदी सुरंगें बिछाई गईं। बच्चों के हाथों में कलम की जगह बंदूकें थमा दी गईं और जहां स्कूलों की घंटियां बजनी चाहिए थीं, वहां स्कूलों की इमारतें उड़ा दी गईं।

मानवाधिकार के मुद्दे पर नक्सलवाद समर्थकों से सवाल

केंद्रीय मंत्री अमित शाह ने मानवाधिकार के नाम पर नक्सलवाद का समर्थन करने वालों से सवाल किया कि क्या मानवाधिकार केवल बंदूक उठाकर विकास रोकने वालों का है, गरीब आदिवासियों का नहीं? उन्होंने कहा कि नक्सली हिंसा में जिन लोगों के हाथ-पैर गंवाए, उन्हें मोदी सरकार कृत्रिम अंग उपलब्ध कराकर फिर से अपने पैरों पर खड़ा करने का प्रयास कर रही है। उन्होंने नक्सल प्रभावित क्षेत्रों पर लेख लिखकर सलाह देने वालों से वहां आकर विकास कार्य देखने और आदिवासियों के दर्द पर भी लिखने का आह्वान किया।

90% नक्सलियों ने किया आत्मसमर्पण: शाह

गृह मंत्री ने विपक्षी पार्टी पर नक्सलवाद का समर्थन करने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि वर्ष 2010 में विपक्षी पार्टी की तत्कालीन केंद्र सरकार के एक वरिष्ठ मंत्री ने नक्सलियों से हथियार डालने के बजाय केवल उत्पात बंद करने की अपील की थी। इसके विपरीत, उन्होंने नक्सलियों से हथियार डालकर मुख्यधारा में लौटने की अपील की और ऐसा नहीं करने पर सुरक्षा बलों की कार्रवाई की चेतावनी दी। शाह के मुताबिक, इस नीति के तहत 90% नक्सलियों ने आत्मसमर्पण किया, जबकि 10% मारे गए। उन्होंने कहा कि सरकार की नीति कानून का पालन करने वालों के साथ नागरिकों जैसा व्यवहार करने और कानून तोड़ने वालों के खिलाफ कार्रवाई करने की है।

‘जनताना सरकार’ और मॉक पार्लियामेंट को लेकर विपक्ष पर निशाना

अमित शाह ने आरोप लगाया कि विपक्षी पार्टी गैर-संवैधानिक संस्थाओं के साथ खड़ी रही है। उन्होंने कहा कि नक्सलियों ने छत्तीसगढ़ में ‘जनताना सरकार’ बनाकर समानांतर व्यवस्था चलाई और निर्दोष पत्रकारों, समाजसेवियों तथा विद्यार्थियों की हत्याएं कीं। शाह ने विपक्ष पर ऐसी व्यवस्था का समर्थन करने का आरोप लगाते हुए मॉक पार्लियामेंट आयोजित करने को भी संसद का मखौल बताया।

संसद में चर्चा की चुनौती दी

केंद्रीय गृह मंत्री ने विपक्ष के नेता के आचरण को असंवैधानिक बताते हुए कहा कि केवल हाथ में संविधान लेकर घूमने से उसका सम्मान नहीं होता, बल्कि आचरण भी संवैधानिक होना चाहिए। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार हर मुद्दे पर चर्चा के लिए तैयार है। उन्होंने विपक्ष को संसद चलने देने और चर्चा में हिस्सा लेने की चुनौती दी। शाह ने कहा कि संसद में चर्चा होने पर जनता को पता चल जाएगा कि सच कौन बोल रहा है और झूठ कौन।

सरकार ने 70% से अधिक गारंटियां पूरी कीं: अमित शाह

अमित शाह ने कहा कि मुख्यमंत्री और दोनों उपमुख्यमंत्रियों के नेतृत्व में छत्तीसगढ़ सरकार ने कम समय में 70% से अधिक गारंटियां पूरी की हैं। उन्होंने बताया कि महतारी वंदन योजना की 33वीं किस्त महिलाओं के खातों में भेजी गई है। धान की खरीद जारी है और कृषि, वनोपज, पशुपालन तथा एमएसएमई जैसे क्षेत्र अपने लक्ष्यों की दिशा में आगे बढ़ रहे हैं।

छत्तीसगढ़ को शीर्ष तीन पर्यटन राज्यों में लाने का लक्ष्य

गृह मंत्री ने कहा कि नक्सलमुक्त होने के बाद छत्तीसगढ़ आने वाले दिनों में देश के शीर्ष तीन पर्यटन राज्यों में शामिल होगा। उन्होंने चित्रकूट जलप्रपात, तीरथगढ़ जलप्रपात, कांगेर घाटी राष्ट्रीय उद्यान, मां बम्लेश्वरी, दंतेवाड़ा की मां दंतेश्वरी और बस्तर दशहरे का उल्लेख करते हुए कहा कि ये स्थल दुनिया भर के पर्यटकों को आकर्षित करने की क्षमता रखते हैं।

10 साल में धरती और लोग दोनों होंगे समृद्ध

अमित शाह ने कहा कि पहले छत्तीसगढ़ के बारे में कहा जाता था कि यहां की धरती अमीर है, लेकिन लोग गरीब हैं। उन्होंने दावा किया कि अगले 10 वर्षों में राज्य की धरती और यहां के लोग दोनों समृद्ध होंगे। उन्होंने बताया कि राज्य का वार्षिक बजट 30 गुना, प्रति व्यक्ति आय 17 गुना और सकल राज्य घरेलू उत्पाद (जीएसडीपी) 25 गुना बढ़ा है। उनके अनुसार, इस अवधि में आईटीआई की संख्या दोगुनी, इंजीनियरिंग कॉलेजों की संख्या तीन गुनी तथा पॉलिटेक्निक कॉलेजों और महाविद्यालयों एवं विश्वविद्यालयों की संख्या छह गुनी हुई है। उन्होंने साक्षरता दर 65% से बढ़कर 79% होने का भी दावा किया।

भय से भरोसे और संसाधन से समृद्धि की ओर बढ़ेगा राज्य

गृह मंत्री ने कहा कि सरकार छत्तीसगढ़ को भय से भरोसे और संसाधन से समृद्धि की ओर ले जाने के लिए प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि राज्य में विकास की संभावनाओं को उपलब्धियों में बदलकर स्वाभिमानी लोगों और समृद्ध धरती वाला खुशहाल छत्तीसगढ़ बनाने का लक्ष्य है।

Related post

Happy Birthday King Kohli: 38 साल के हुए विराट कोहली, रिकॉर्ड्स के बेताज बादशाह का आज जन्मदिन, दुनिया भर से मिल रहीं बधाइयां

Happy Birthday King Kohli: 38 साल के हुए विराट…

Spread the loveअंडर-19 विश्व कप से शुरू हुआ सफर, वनडे में 55 शतक और अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में ऐतिहासिक उपलब्धियां; चेज मास्टर…
CG Rain Alert: छत्तीसगढ़ में तूफान ‘मुरासु’ का तांडव, 16 जिलों में भारी बारिश और आकाशीय बिजली का यलो अलर्ट जारी

CG Rain Alert: छत्तीसगढ़ में तूफान ‘मुरासु’ का तांडव,…

Spread the loveरायपुर। छत्तीसगढ़ में चक्रवाती तूफान ‘मुरासु’ के कमजोर पड़ने के बाद भी मौसम का असर बना हुआ है। तूफान…
धनतेरस 2026 पर खरीदें ये 9 शुभ चीजें, घर में आएगी सुख-समृद्धि!

धनतेरस 2026 पर खरीदें ये 9 शुभ चीजें, घर…

Spread the loveधनतेरस का त्योहार दिवाली से पहले मनाया जाता है. इस साल धनतेरस  6 नवंबर 2026, शुक्रवार को मनाया जाएगा.…