• 22/10/2024

SATDA: सीएम ने प्राधिकरण की बजट राशि 50 से बढ़ाकर की 75 करोड़, साय ने कहा- आदिवासी क्षेत्रों के विकास के लिए प्रतिबद्ध है हमारी सरकार

SATDA: सीएम ने प्राधिकरण की बजट राशि 50 से बढ़ाकर की 75 करोड़, साय ने कहा- आदिवासी क्षेत्रों के विकास के लिए प्रतिबद्ध है हमारी सरकार
Spread the love

मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आज जशुपर जिले के मयाली में सरगुजा क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण की बैठक ली। प्राधिकरण के सदस्यगणों तथा प्रमुख विभागों के सचिवों के उपस्थित में मुख्यमंत्री ने प्राधिकरण अंतर्गत् स्वीकृत कार्यो की समीक्षा की और निर्देशित किया कि अप्रारंभ कार्यो को निरस्त कर प्रगतिरत् कार्यो को शीघ्र पूर्ण किया जाए।

मुख्यमंत्री ने प्राधिकरण के सदस्यों से वन-टू-वन चर्चा कर उनके क्षेत्र से जुड़ी समस्याओं और मांगों की जानकारी लेते हुए प्रस्ताव देने की अपील की। उन्होंने बैठक में सदस्यों द्वारा बताई गई समस्याओं का संबंधित विभाग के माध्यम से निराकरण के निर्देश दिए।

मुख्यमंत्री ने विधायक रेणुका सिंह की मांग पर सरगुजा क्षेत्र आदिवासी विकास प्राधिकरण की बजट राशि को 50 करोड़ से बढ़ाकर 75 करोड़ करने की घोषणा की। उन्होंने मयाली में पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए 10 करोड़ की राशि देने की घोषणा भी की।

प्राधिकरण की बैठक संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री साय ने कहा कि पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के समय से ही प्रदेश का चहुमुखी विकास किया जा रहा है। उन्होंने आदिवासी क्षेत्र में विकास के लिए प्राधिकरण का गठन कर संसाधन उपलब्ध कराए। वर्तमान में छत्तीसगढ़ में पांच प्राधिकरण है। हमारी सरकार चाहती है कि बस्तर से लेकर सरगुजा क्षेत्र तक का विकास हो। इसके लिए बजट में राशि नहीं होने पर प्राधिकरण के माध्यम से आवश्यक कार्य कराए जाएंगे। भारत सरकार और राज्य सरकार चाहती है कि प्रदेश के अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और अन्य पिछड़ा वर्ग सहित सभी वर्गो का विकास हो। प्राधिकरण के माध्यम से इन क्षेत्रों में संसाधन की व्यवस्था कर विकास की गति को और आगे बढ़ाया जाएगा। उन्होंने कहा कि देश के प्रधानमंत्री नरेद्र मोदी ने पीएम जनमन और धरती आबा ग्राम उत्कर्ष योजना के माध्यम से विशेष पिछड़ी जनजाति बाहुल्य और आदिवासी क्षेत्रों में विकास हेतु बजट का प्रावधान किया है। उनकी इन योजनाओं से राज्य के सभी क्षेत्रों में विकास कार्यो को गति मिलेगी।

मुख्यमंत्री साय ने आगे कहा कि उनकी सरकार ने बजट में आदिवासी क्षेत्र के विकास के लिए फोकस किया है। हमारी सरकार बस्तर और सरगुजा संभाग क्षेत्र के विकास के लिए वचनवद्ध होकर कार्य करेगी। मुख्यमंत्री ने जशपुर जिले के मयाली में प्राधिकरण की बैठक को लेकर जिला प्रशासन द्वारा की गई तैयारी की सरहाना की और कहा कि जशपुर जिले में खनिज संसाधनों का भण्डार होने के साथ ही वन एवं वनोपज की उपलब्धता है। यहॉ के वनोपज, महत्वपूर्ण उत्पादों का वैल्यू एडिशन कर ग्रामीणों एवं किसानों को आगे बढ़ाया जा सकता है। मुख्यमंत्री श्री साय ने प्राधिकरण की बैठक अपने गृह जिले तथा मयाली में करने के पीछे यहॉ के पर्यटन को बढ़ावा देने की बात कहते हुए राजधानी रायपुर से बैठक में शामिल वरिष्ठ अधिकारियों से अपील की कि वे यहॉ के उत्पादों को देखे, इसका उपयोग करे और इन्हें बढ़ावा देने के साथ ही जशपुर जिले के महत्वपूर्ण पर्यटन स्थल को भी बढ़ावा दे।

मुख्यमंत्री साय ने बैठक में प्राधिकरण के सदस्यों द्वारा बताए गए समस्याओं को निराकरण करने की बात कही। उन्होंने लुण्ड्रा-बतौली क्षेत्र में गन्ना खरीदी केन्द्र को प्रारंभ करने की मांग का परीक्षण करने, विद्युत विहीन क्षेत्रों में विद्युत पहुंचाने की दिशा में कार्य करने, हाथी से जनहानि रोकने की दिशा में आवश्यक कदम उठाने, क्षति की राशि को बढ़ाने की दिशा में विचार करने की बात कही। मुख्यमंत्री ने एकल बत्ती कनेक्शन सहित अन्य लोगों को अधिक बिजली बिल मिलने की शिकायत पर ऊर्जा सचिव श्री रोहित यादव को निर्देशित किया कि बिजली बिल संबंधी शिकायतों का परीक्षण कर निराकरण कराए। उन्होंने खाद्य विभाग के सचिव को जशपुर जिले के कुछ स्थानों पर राशन की कमी संबंधित शिकायतों का निराकरण करने के निर्देश दिए।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री ने कुनकुरी में जल संसाधन संभाग के संभागीय कार्यालय का लोकार्पण रिमोट का बंटन दबाकर किया।

बैठक में उपस्थित उप मुख्यमंत्री अरूण साव ने कहा कि सरगुजा और बस्तर क्षेत्र का विकास हमारी सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता का विषय है। प्राधिकरण अंतर्गत् आज की बैठक में शामिल होकर मुख्यमंत्री ने इस क्षेत्र की विकास की प्रतिबद्धता और संकल्प को दोहराया है। मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में प्राधिकरण के माध्यम से सरगुजा संभाग के लोगों की जीवन में परिवर्तन लाकर उनके जीवन को सुलभ बनाने का काम हमारी सरकार करेगी। उप मुख्यमंत्री ने बैठक में बताया कि उन्होंने अपने अधीनस्थ  लोक स्वास्थ्य यांत्रिकी विभाग, लोक निर्माण विभाग और नगरी प्रशासन विकास विभाग बैठक लेकर महत्वपूर्ण कार्यो को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। शहर को स्वच्छ एवं सुंदर बनाने एवं अन्य कार्यो के लिए राशि जारी की है। पीडब्ल्यूडी अंतर्गत् सड़कों के मरम्मत के आदेश दिए गए हैं और तेज गति से कार्य करते हुए नवम्बर माह तक कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन अंतर्गत् कार्यो की समीक्षा कर घर-घर नल और जल पहुंचाने की दिशा में कार्य किया जा रहा है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी के आकांक्षाओं को पूरा करने की दिशा में काम किया जा रहा है। इस योजना में दोषी पाए जाने पर संबंधित के विरूद्ध कार्यवाही की जाएगी। उन्होंने कहा कि हमारी सरकार छत्तीसगढ़ के विकास के लिए ‘‘हमने बनाया है हम ही संवारेगें‘‘ की दिशा में कार्य कर रही है।

प्राधिकरण की उपाध्यक्ष एवं पत्थलगांव विधायक गोमती साय ने जशपुर जिले में पर्यटन की अपार संभावना होने की बात कहते हुए प्राधिकरण की बैठक मयाली में होना सौभाग्य बताया। उन्होंने कहा कि प्राधिकरण के माध्यम से उत्तर क्षेत्र सरगुजा संभाग से विकास कार्यो की शुरूआत छत्तीसगढ़ को विकास की ओर ले जाएगा।

कृषि विकास एवं किसान कल्याण तथा जैव प्रौद्योगिकी मंत्री रामविचार नेताम ने कहा कि प्राधिकरण का बैठक मयाली में आयोजित करने का उददेश्य इस क्षेत्र की समस्याओं को चिन्हित कर निराकृत करना और पर्यटन को बढ़ावा देना है। उन्होंने कहा कि गांव को ईकाई बनाकर विकास कार्यो की शुरूआत कर प्रदेश का विकास किया जा सकता है। उन्होंने सरगुजा संभाग के महत्वपूर्ण उत्पादों की जानकारी देते हुए इसे बढ़ावा देने पर जोर दिया। मंत्री नेताम ने प्राधिकरण के सदस्यों से अपील की कि वे अपने क्षेत्र के आश्रम-छात्रावासों की समस्याओं से भी अवगत करावें, ताकि उन समस्याओं का समाधान किया जा सके।

बैठक में उद्योग, वाणिज्य एवं श्रम मंत्री लखन लाल देवांगन ने प्राधिकरण की पहली बैठक आयोजित करने पर मुख्यमंत्री को धन्यवाद देते हुए कहा कि बैठक के माध्यम से सरगुजा संभाग में महत्वपूर्ण कार्य आसानी से हो पाएंगे।

बैठक में स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल, राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा, महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े, सांसद रायगढ़ राधेश्याम राठिया, सांसद सरगुजा चिन्तामणी महराज, विधायक जशपुर रायमुनी भगत, विधायक लुण्ड्रा प्रमोद मिंज, विधायक प्रतापपुर शकुंतला सिंह पोर्त, विधायक अंबिकापुर राजेश अग्रवाल, विधायक भरतपुर सोनहत रेणुका सिंह, भैया लाल राजवाड़े तथा जिला पंचायत अध्यक्षों द्वारा अपने-अपने क्षेत्र से संबंधित समस्याओं की जानकारी देकर निराकरण की मांग की गई। मुख्यमंत्री ने सभी मांगों की समाधान करने के निर्देश दिए हैं।

Related post

Train Cancelled : रेल यात्रियों की फिर बढ़ेगी मुश्किलें, छत्तीसगढ़ से गुजरने वाली ये ट्रेनें हुई रद्द, यात्रा से पहले देखें लिस्ट…!!

Train Cancelled : रेल यात्रियों की फिर बढ़ेगी मुश्किलें,…

Spread the loveबिलासपुर। दक्षिण पूर्व रेलवे के चक्रधरपुर मंडल में बंडामुंडा केबिन-ए से राउरकेला सेक्शन के बीच पांचवीं लाइन की कमीशनिंग…
ब्रेकिंग : पुलिस विभाग में फेरबदल, थाना प्रभारियों के हुए तबादले, SP ने जारी किया आदेश, देखें लिस्ट……

ब्रेकिंग : पुलिस विभाग में फेरबदल, थाना प्रभारियों के…

Spread the loveएमसीबी। छत्तीसगढ़ पुलिस मुख्यालय के निर्देश के बाद जिले में पुलिसिंग को मजबूत करने और अपराध नियंत्रण को बेहतर…
CG Job News : 10वीं पास के लिए छत्तीसगढ़ में नौकरी, एक साथ इतने पदों पर होगी भर्ती, देखें डिटेल……

CG Job News : 10वीं पास के लिए छत्तीसगढ़…

Spread the loveमहासमुंद। जिला रोजगार एवं स्वरोजगार मार्गदर्शन केन्द्र महासमुंद द्वारा 20 अगस्त को जिला स्तरीय रोजगार मेले का आयोजन किया…