• 09/07/2025

Arrest: पूर्व मंत्री अमरजीत भगत और किसानों का प्रतिनिधिमंडल गिरफ्तार, जानें पूरा मामला

Arrest: पूर्व मंत्री अमरजीत भगत और किसानों का प्रतिनिधिमंडल गिरफ्तार, जानें पूरा मामला
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छत्तीसगढ़ के मैनपाट में आयोजित भारतीय जनता पार्टी (BJP) के तीन दिवसीय प्रशिक्षण शिविर के दौरान बुधवार को एक विवादास्पद घटना सामने आई। खाद की किल्लत को लेकर मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय को ज्ञापन सौंपने पहुंचे पूर्व मंत्री और कांग्रेस नेता अमरजीत भगत को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। उनके साथ पहुंचे किसानों के प्रतिनिधिमंडल को भी गिरफ्तार किया गया है। सभी को कमलेश्वरपुर थाने में बैठा गया है। इस कार्रवाई से नाराज भगत के समर्थकों ने थाने के बाहर नारेबाजी की और इसे लोकतांत्रिक अधिकारों का हनन बताया।

मुख्यमंत्री से मिलने की थी तैयारी

सीतापुर से तीन बार विधायक रह चुके भगत किसानों के एक प्रतिनिधिमंडल के साथ मैनपाट पहुंचे थे। भगत ने कहा कि ब्लॉक कांग्रेस कमेटी ने प्रशासन को पहले ही इस मुलाकात की सूचना दे दी थी, और शिविर के समापन के बाद रायपुर रवाना होने से पहले मुख्यमंत्री को ज्ञापन सौंपा जाना था। हालांकि, मैनपाट पहुंचते ही पुलिस ने उन्हें और किसान प्रतिनिधियों को रोक लिया और कमलेश्वरपुर थाने ले जाया गया।

खाद की किल्लत पर भगत का बयान

अमरजीत भगत ने कहा कि इन दिनों खेतों में गुड़ाई का काम जोरों पर है, और आलू व टाऊ जैसी फसलों के लिए खाद की पर्याप्त उपलब्धता आवश्यक है। लेकिन, मैनपाट और पूरे सीतापुर विधानसभा क्षेत्र में खाद की भारी कमी है। किसान खुले बाजार से महंगे दामों पर खाद खरीदने को मजबूर हैं, जिससे उन पर आर्थिक बोझ बढ़ रहा है। भगत ने इस संकट को गंभीर बताते हुए सरकार की उदासीनता पर सवाल उठाए।

पुलिस की कार्रवाई पर सवाल

पूर्व मंत्री ने पुलिस की इस कार्रवाई को लोकतांत्रिक व्यवस्था के खिलाफ बताया। उन्होंने कहा, “जनता के प्रतिनिधियों को यदि मुख्यमंत्री या मंत्रियों से मिलने से रोका जा रहा है, तो यह प्रजातंत्र का अपमान है। यह घोर आपत्तिजनक है।” भगत ने इसे केंद्र और राज्य सरकार की तानाशाही नीति का हिस्सा करार दिया और कहा कि जब भी जनता अपनी आवाज उठाती है, पुलिस को आगे कर दबाने की कोशिश की जाती है।

युवक कांग्रेस कार्यकर्ताओं की भी गिरफ्तारी

इससे पहले, 7 जुलाई को BJP के प्रशिक्षण शिविर में शामिल होने वाले नेताओं, मुख्यमंत्री, और मंत्रियों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन की योजना बना रहे युवक कांग्रेस (युकां) के कार्यकर्ताओं को भी पुलिस ने उनके घरों से उठाकर थानों में बैठा दिया था। युकां कार्यकर्ताओं ने काले झंडे दिखाने और काले गुब्बारे छोड़ने की योजना बनाई थी। पुलिस ने इन्हें निगरानी में रखा हुआ है, जिसे लेकर कांग्रेस ने इसे अभिव्यक्ति की स्वतंत्रता पर हमला बताया है।

आपको बता दें छत्तीसगढ़ का शिमला कहे जाने वाले मैनपाट में 7 जुलाई BJP का  तीन दिवसीय प्रशिक्षण शिविर की शुरूआत हुई थी। शिविर का उद्घाटन BJP के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने किया, और समापन केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह के संबोधन के साथ होना है। शिविर में मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय, उपमुख्यमंत्री विजय शर्मा, 10 राज्य मंत्री, 44 विधायक, और 10 BJP सांसद शामिल हुए। इसका उद्देश्य शासन, नीति निर्माण, और आदिवासी समुदायों के साथ जुड़ाव को मजबूत करना बताया गया है।

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