• 10/11/2024

छत्तीसगढ़ में संचालित 400 आयुष्मान आरोग्य मंदिर स्वास्थ्य के क्षेत्र में साबित हो रहे हैं वरदान, 12 सेवाओं का आयुष पद्धति के माध्यम से हो रहा है क्रियान्वयन

छत्तीसगढ़ में संचालित 400 आयुष्मान आरोग्य मंदिर स्वास्थ्य के क्षेत्र में साबित हो रहे हैं वरदान, 12 सेवाओं का आयुष पद्धति के माध्यम से हो रहा है क्रियान्वयन
Spread the love

छत्तीसगढ़ में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के लिए राज्य सरकार बेहद संवेदनशील है। मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने राज्य में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार के लिए स्वास्थ्य बजट को दोगुना करने का लक्ष्य रखा है।

प्रदेश के स्वास्थ्य मंत्री श्याम बिहारी जायसवाल स्वास्थ्य सेवाओं को सजग रूप से आगे बढ़ाने का कार्य कर रहे हैं। राज्य स्तर पर डीकेएस और मेकाहारा जैसे अस्पताल अत्याधुनिक तकनीकों से लैस हो रहे हैं तो वहीं संभाग स्तर पर सुपर स्पेशिलिटी अस्पतालों का कार्य निरंतर जारी है। इसी तरह से जिले और ब्लाक स्तर पर आयुष्मान आरोग्य मंदिर राज्य के लोगों की सेहत का विशेष ध्यान रख रहे हैं।

छत्तीसगढ़ में वर्तमान में कुल 400 आयुष्मान आरोग्य मंदिर संचालित हैं। ये आयुष्मान आरोग्य मंदिर आयुर्वेद के मूलभूत सिद्धांतों की सामान्य जानकारी एवं रोगों के घरेलू उपचार तथा औषधियों की जानकारी प्रदान करने में बेहद मददगार साबित हो रहे हैं । इसके अंतर्गत संपूर्ण 12 सेवाओं का आयुष पद्धति के माध्यम से क्रियान्वयन किया जा रहा है जिससे मरीजो को लगातार लाभ मिल रहा है। आयुष्मान आरोग्य मंदिर में योग प्रशिक्षकों के माध्यम से जनसामान्य को दैनिक योगाभ्यास हेतु प्रेरणा एवं प्रशिक्षण भी प्रदान किया जा रहा है ताकि मरीज शारीरिक और मानसिक दोनों तरह से स्वस्थ रहें।

आयुष्मान आरोग्य मंदिर में सामुदायिक स्वास्थ्य अधिकारी (सीएचओ) द्वारा निरंतर मरीजों का इलाज किया जा रहा है एवं उनकी देखभाल की जा रही है। राज्य सरकार की इस पहल से लोगों को लगातार लाभ भी मिल रहा है। आयुष्मान आरोग्य मंदिर में सालाना 1 करोड़ 38 लाख ओपीडी और मासिक 3 लाख एनसीडी मरीजों का इलाज हो रहा है जो अपनी सफलता की कहानी स्वयं बयां करता है।

आयुष्मान आरोग्य मंदिर में प्रदान की जाने वाली मुख्य 12 स्वास्थ्य सेवाओं के अंतर्गत गर्भावस्था एवं प्रसव के दौरान देखभाल, नवजात एवं शिशु स्वास्थ्य देखभाल सेवाएं, बाल एवं किशोर स्वास्थ्य देखभाल सेवाएं, परिवार नियोजन गर्भनिरोधक सेवाएं और अन्य प्रजनन स्वास्थ्य देखभाल सेवाएं, राष्ट्रीय स्वास्थ्य कार्यक्रम सहित संचारी रोगों का प्रबंधन, सामान्य संचारी रोगों का प्रबंधन तथा तीव्र साधारण बीमारियों और छोटी बीमारियों के लिए बाह्य रोगी देखभाल शामिल हैं। इसी तरह से गैर संचारी रोगों की जांच, रोकथाम, नियंत्रण और प्रबंधन, सामान्य नेत्र और ईएनटी समस्याओं की देखभाल, बुनियादी मौखिक स्वास्थ्य देखभाल, वृद्धजन एवं उपशामक स्वास्थ्य देखभाल सेवाएं, आपातकालीन चिकित्सा सेवाएं तथा मानसिक स्वास्थ्य बीमारियों की जांच और बुनियादी प्रबंधन जैसी सेवाएं भी शामिल हैं।

Related post

महुआ ने बदली महिलाओं की जिंदगी, वन धन योजना से मिली आत्मनिर्भरता की नई पहचान

महुआ ने बदली महिलाओं की जिंदगी, वन धन योजना…

Spread the loveरायपुर। जनजातीय कार्य मंत्रालय और ट्राइफेड की एक पहल है, जिसे 2018 में शुरू किया गया था। इसका मुख्य उद्देश्य…
CG Weather : छत्तीसगढ़ में फिर मेहरबान हुआ मानसून, अगले 3 दिन झमाझम बारिश के आसार; इन जिलों के लिए अलर्ट

CG Weather : छत्तीसगढ़ में फिर मेहरबान हुआ मानसून,…

Spread the loveरायपुर। छत्तीसगढ़ में मानसून एक बार फिर सक्रिय हो गया है, जिससे प्रदेशभर में बारिश का दौर तेज होने…
CGPSC पेपर लीक मामले में पूर्व सचिव को राहत नहीं, हाईकोर्ट ने जमानत याचिका की खारिज

CGPSC पेपर लीक मामले में पूर्व सचिव को राहत…

Spread the loveरायपुर।  छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग (CGPSC) की राज्य सेवा परीक्षा-2021 के प्रश्नपत्र लीक और भर्ती घोटाले से जुड़े मामले…