- 06/03/2026
नवसृजन मंच द्वारा 15 मार्च को ‘छत्तीसगढ़ महतारी अलंकरण सम्मान’ समारोह

प्रदेशभर की 51 महिलाओं एवं 11 स्वसहायता समूहों का होगा सम्मान
रायपुर। प्रदेश की प्रतिष्ठित सामाजिक संस्था नवसृजन मंच, छत्तीसगढ़ द्वारा अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस के उपलक्ष्य में 15 मार्च को छत्तीसगढ़ महतारी अलंकरण सम्मान समारोह का आयोजन किया जा रहा है। इस अवसर पर प्रदेश के विभिन्न क्षेत्रों में उत्कृष्ट कार्य करने वाली 51 महिलाओं को छत्तीसगढ़ महतारी अलंकरण सम्मान से सम्मानित किया जाएगा। साथ ही समाज में उल्लेखनीय कार्य करने वाले 11 महिला स्वसहायता समूहों को महतारी गौरव सम्मान प्रदान किया जाएगा। नवसृजन मंच द्वारा यह आयोजन विगत कई वर्षों से निरंतर किया जा रहा है। इस सम्मान के लिए प्रदेशभर से विभिन्न क्षेत्रों जैसे शिक्षा, खेलकूद, चिकित्सा, पत्रकारिता, पुलिस सेवा, साहसिक कार्य, महिला उद्यमिता, विज्ञान, प्रशासनिक सेवा, समाज सेवा, राजनीति, विधि, सौंदर्य, धार्मिक एवं अन्य क्षेत्रों से प्रविष्टियां आमंत्रित की गई थीं। प्राप्त सैकड़ों प्रविष्टियों में से चयन समिति द्वारा 51 प्रबुद्ध महिलाओं का चयन छत्तीसगढ़ महतारी अलंकरण सम्मान हेतु किया गया है। संस्था के प्रदेश अध्यक्ष अमरजीत सिंह छाबड़ा एवं कार्यकारी अध्यक्ष देवाशीष मुखर्जी ने बताया कि नवसृजन मंच की महिला कार्यक्रम प्रभारी पदमा शर्मा, मनीषा सिंह एवं डॉ. रश्मि चावरे की टीम चयन समिति के रूप में प्राप्त प्रविष्टियों को अंतिम रूप दे रही है। इस सम्मान हेतु बस्तर, जशपुर, बिलासपुर, कोरबा, रायगढ़, अंबिकापुर,महासमुंद ,धमतरी, नारायणपुर ,दंतेवाड़ा,कबीरधाम एवं अन्य जिलों सहित राजधानी रायपुर से आवेदन प्राप्त हुए हैं। कार्यक्रम का आयोजन पारंपरिक छत्तीसगढ़ी स्वरूप में किया जाएगा, जिसमें सम्मानित महिलाओं को रुपिया माला (छत्तीसगढ़ की पारंपरिक सिक्कों की माला), स्मृति चिन्ह एवं प्रशस्ति पत्र प्रदान कर सम्मानित किया जाएगा। वहीं उत्कृष्ट कार्य करने वाले 11 महिला स्वसहायता समूहों को भी महतारी गौरव सम्मान से सम्मानित किया जाएगा। यह सम्मान समारोह 15 मार्च, सायं 5 बजे, वृंदावन हॉल, सिविल लाइन, रायपुर में आयोजित किया जाएगा। कार्यक्रम को अंतिम रूप देने में नवसृजन मंच के कांतिलाल जैन, किशोर महानंद, विनय शर्मा, डॉ. यूलेंद्र राजपूत, राजेश साहू, नरेश नामदेव, मनोज जैन एवं डॉ. तृष्णा साहू सहित अन्य प्रमुखजन सक्रिय रूप से जुटे हुए हैं।





