- 17/05/2026
मुथूट फिनकॉर्प ने आईपीओ प्लान को दी मंजूरी, कंपनी 4,000 करोड़ रुपये तक जुटाने का लक्ष्य
नॉन बैंकिंग फाइनेंशियल कंपनी (NBFC) मुथूट फिनकॉर्प के बोर्ड ने अपने आगामी आईपीओ (प्रथम सार्वजनिक प्रस्ताव) को मंजूरी दे दी है। इस आईपीओ के जरिए कंपनी 4,000 करोड़ रुपये तक की पूंजी जुटाने की योजना बना रही है। इसमें 10 रुपये फेस वैल्यू वाले नए इक्विटी शेयर जारी किए जाएंगे। इस फंड का इस्तेमाल कंपनी अपने भविष्य के विकास एवं विस्तार योजनाओं में करेगी। हालांकि, अभी इस आईपीओ के लॉन्च की तारीख की कोई आधिकारिक घोषणा नहीं हुई है; कंपनी ने कहा है कि यह बाजार की स्थितियों, नियामक मंजूरियों और अन्य आवश्यक क्लियरेंस पर निर्भर करेगा। साथ ही, इस प्रस्ताव पर शेयरहोल्डर्स से मंजूरी लेना बाकी है।
वित्त वर्ष 2026 में IPO गतिविधियों में मंदी
पिछले वित्त वर्ष 2026 में IPO गतिविधियां अपेक्षाकृत धीमी रही। इससे पहले, वित्त वर्ष 2025 में, कंपनियों ने रिकॉर्ड मात्रा में फंड जुटाया था। मुथूट फिनकॉर्प ने वित्त वर्ष 2025-26 में लगभग 1,640 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ कमाया, जबकि एक साल पहले यह लाभ लगभग 787 करोड़ रुपये था।
स्टॉक स्प्लिट को भी मिली मंजूरी
बोर्ड की बैठक में कंपनी ने स्टॉक स्प्लिट को भी मंजूरी दी है। इसके तहत, 10 रुपये फेस वैल्यू वाले एक इक्विटी शेयर को पाँच नए शेयरों में विभाजित किया जाएगा, जिनकी फेस वैल्यू 2 रुपये होगी।
इसके अतिरिक्त, कंपनी ने 1 जुलाई, 2026 से 30 जून, 2027 तक की अवधि के लिए, नॉन-कन्वर्टिबल डिबेंचर (NCDs) के पब्लिक इश्यू के जरिए फंड जुटाने की भी मंजूरी दी है। कंपनी इस दौरान 4,000 करोड़ रुपये तक के NCDs जारी करेगी।
इसके अलावा, प्राइवेट प्लेसमेंट के माध्यम से, नॉन-कन्वर्टिबल डिबेंचर, परपेचुअल डेट इंस्ट्रूमेंट्स और सबऑर्डिनेटेड डेट के जरिए भी कंपनी कुल 4,000 करोड़ रुपये तक की धनराशि जुटाएगी। मुथूट फिनकॉर्प ने कमर्शियल पेपर जारी कर फंड जुटाने का भी अनुमोदन लिया है, जिसमें कुल इश्यू सीमा 30,000 करोड़ रुपये और अधिकतम बकाया सीमा 10,000 करोड़ रुपये है।