• 08/08/2022

अफसरों की लापरवाही : बांगो परियोजना की मुख्य नहर फूटी, 100 एकड़ फसल तबाह, घरों में घुसा पानी का सैलाब, सप्ताह भर पहले हादसे की जताई थी आशंका

अफसरों की लापरवाही : बांगो परियोजना की मुख्य नहर फूटी, 100 एकड़ फसल तबाह, घरों में घुसा पानी का सैलाब, सप्ताह भर पहले हादसे की जताई थी आशंका
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जांजगीर-चांपा में हसदेव बांगो परियोजना की मुख्य नहर फूट गई। नहर फूटने से 2 किलोमीटर के क्षेत्र में पानी का सैलाब आ गया और तकरीबन 100 एकड़ खेत में खड़ी फसल बर्बाद हो गई। जिस वक्त नहर फूटी उस वक्त सब अपने घरों में सो रहे थे और यह सब हुआ है प्रदेश के अफसरों और कर्मचारियों की लापरवाहियों की वजह से। ग्रामीणों ने तकरीबन सप्ताह भर पहले नहर से पानी रिसने की शिकायत की थी। लेकिन अफसरों और कर्मचारियों के कानों पर जू भी नहीं रेंगी। कोई भी देखने तक नहीं पहुंचा। वहीं आज सुबह सूचना दी गई लेकिन अफसरों को पहुंचने में दोपहर तक का वक्त लग गया।

मामला पामगढ़ क्षेत्र के बार गांव का है। यहां हसदेव बांगो परियोजना के तहत मुख्य नहर का निर्माण किया गया था। सोमवार तड़के करीब 3ः30 बजे फूट गई। जिसके बाद पानी का सैलाब खेतों को पार करते हुए ग्रामीणों के घर के भीतर तक पहुंच गया। उस वक्त ग्रामीण गहरे नींद में थे। पानी घरों में घुसने के बाद वो हड़बड़ा कर जागे, तब जाकर मामले का पता चला।

किसानों ने आरोप लगाया है कि अधिकारियों को सप्ताह भर सूचना दी गई थी कि गांव के पास नहर से पानी रिस रहा है और कभी भी बड़ी घटना हो सकती है। लेकिन अधिकारियों ने उनकी बातों को अनसुना कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि नहर घटिया निर्माण की वजह से फूटी है। इससे करीब 100 एकड़ खेत में लगी उनकी फसल बर्बाद हो गई। उन्होंने सरकार से इसका मुआवजा मांगा है। उनका कहना है कि अधिकारी अगर उनकी बातों को अनसुना नहीं करते तो उन पर यह आफत नहीं आती।

मामले की जानकारी लगते ही कलेक्टर ने पामगढ़ एसडीएम बीएस मरकाम, तहसीलदार, राजस्व अधिकारी और जल संसाधन विभाग के अफसरों को मौके पर पहुंचने का निर्देश दिया। मौके पर पहुंचे अफसरों ने मौका मुआयना किया और नहर के क्षतिग्रस्त हिस्से को मरम्मत करने का काम शुरु कर दिया गया है।

पामगढ़ एसडीएम ने बताया कि घटना स्थल का मुआयना किया गया है। नुकसान की रिपोर्ट बनाई जा रही है ताकि जो किसान इससे प्रभावित हुए हैं उन्हे राहत मिल सके। इसके साथ ही जिन ग्रामीणों के घर में नहर का पानी घुसने से नुकसान हुआ है उन परिवारों के लिए राशन की व्यवस्था कराई गई है। मौके का मुआयना करने के बाद मरम्मत का कार्य प्रारंभ कर दिया गया है। आपको बता दें बांगो परियोजना के तहत बनी इस मुख्य नहर से धान की खरीफ फसल के लिए किसानों को पानी दिया जाता है।

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